उज्ज्वल भविष्य के लिए शिक्षा के साथ-साथ संस्कारों का विकास भी आवश्यक है 24 News Update सागवाड़ा। नगर के आसपुर मार्ग लोहारिया तालाब के सामने स्थित कान्हडदास धाम बड़ा रामद्वारा में चातुर्मास में शाहपुरा धाम के रामस्नेही संत तिलकराम ने सत्संग में बताया कि जीवन में कभी किसी की भलाई व्यर्थ नहीं जाती वह कब और किस रूप में लौटकर आएगी यह केवल ईश्वर ही जानता है। उज्ज्वल भविष्य के लिए शिक्षा के साथ-साथ संस्कारों का विकास भी आवश्यक है।संत ने कहा जीवन में प्रीत, मंजिल और सफलता सब कुछ लगन पर आधारित है। लगन के बिना न तो सच्चा प्रेम मिलता है और न ही मनचाही मंजिल। जिसने भी अपनी साधना और भक्ति को लगन से निभाया है वह अमर हो गया। संत ने कहा सच्चा बच्चा वही होता है जो सरल हो, सरलता जीवन का अच्छा गुण है। अच्छा विद्यार्थी वह होता है जो प्रारंभ से जीवन का लक्ष्य बनाता है। लक्ष्य बहुत बड़ा होना चाहिए। जीवन में चिंता करने से समस्या हल नहीं होती बल्कि वर्तमान बिगड़ जाता है। व्यक्ति यदि वर्तमान में जीना सीख ले तो मन शांत हो जाता है और समस्या का समाधान स्वतः दिखाई देने लगता है।समाज में व्यक्तित्व की असली पहचान शिक्षा से नहीं बल्कि संस्कारों से होती है। शिक्षा से व्यक्ति ज्ञानी हो सकता है लेकिन संस्कार ही उसे गुण, गरिमा और महिमा प्रदान करते हैं। यही कारण है कि जहां शिक्षा हार जाती है वहां संस्कार हमेशा जीत जाते हैं। समाज की मजबूती और उज्ज्वल भविष्य के लिए शिक्षा के साथ-साथ संस्कारों का विकास भी आवश्यक है। संस्कारित व्यक्ति न केवल अपने परिवार का बल्कि पूरे समाज का गौरव बनता है।प्रवक्ता बलदेव सोमपुरा ने बताया कि 6 जुलाई 2025 रविवार से पधारे शाहपुरा धाम के रामस्नेही संत तिलकराम महाराज का उनके सानिध्य में चातुर्मास समापन का पर्व आयोजित किया गया। सर्वप्रथम संत एवं भक्तों ने रामचरणजी महाराज की तस्वीर एवं पादुका की पूजा-अर्चना की। रामकिशोर जी महाराज एवं मोहनराम जी महाराज की समाधि की भी पूजा की गई। इसके अंतर्गत सागवाड़ा के विभिन्न समाजों के प्रतिनिधियों ने संत का स्वागत एवं अभिनंदन कर भेंट अर्पण किया जिसमें नेमा समाज, खेड़ुवा समाज, सोनी, सोमपुरा, सुथार, भावसार, मोची, परमार, कसारा, भट्ट समाज के अतिरिक्त अन्य समाज भी थे।संत भंडारा में शनिवार को उपस्थित रहेंगे तथा रविवार को प्रातः केलवाड़ा के लिए प्रस्थान करेंगे जहां सप्ताह भर रुकने के बाद जोधपुर प्रस्थान करेंगे। समापन समारोह को समिति अध्यक्ष सुधीर वाडेल, भागवत समिति अध्यक्ष दिनेश शर्मा, सोमपुरा समाज अध्यक्ष हरीश सोमपुरा, संरक्षक प्रभुलाल वाडेल, रमेश शर्मा ने संबोधित किया। संचालन भारत शर्मा व आभार बलदेव सोमपुरा ने व्यक्त किया। संत प्रसाद विष्णु भासरिया परिवार का रहा। सत्संग में मुकेश भावसार, दामोदर दलाल, अनिल वाडेल, बाबूलाल सेवक, शिवराम मोची, सुनील सोमपुरा, पंकज सोमपुरा, विष्णु दोसी, विनोद कोठारी, देवीलाल सोनी, अनिल सोनी, रमेश सोनी, जयंतीलाल कंसारा, नाथू परमार, विष्णु भावसार, प्रियेश सोमपुरा, सुरेंद्र शर्मा सहित कई पुरुष व महिला रामस्नेही उपस्थित रहे। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation सलूंबर में आबकारी विभाग की बड़ी कार्रवाई, लाखों की अवैध अंग्रेजी शराब जब्त ट्रक की टक्कर से बाइक सवार महिला की मौत