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शहीदों के आदर्शों पर चलकर मानवता की सेवा, थैलीसीमिया पीड़ित बच्ची चार्वी के लिए 1.35 लाख का दिया सहयोग

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24 News Update उदयपुर। शहीदे-आज़म भगत सिंह, राजगुरु, सुखदेव और चंद्रशेखर आज़ाद को अपना आदर्श मानकर कार्य कर रही रक्तदाता युवा वाहिनी आज केवल एक संस्था नहीं, बल्कि मानवता की सेवा का जीवंत आंदोलन बन चुकी है। टीम इन महान क्रांतिकारियों की जन्म जयंती और शहादत दिवस पर हर वर्ष रक्तदान शिविर आयोजित कर ‘रक्त पुष्प’ अर्पित करती आ रही है। वर्ष 2012 से निरंतर रक्तदान के प्रति जागरूकता फैलाने और वास्तविक जरूरतमंदों तक समय पर रक्त उपलब्ध कराने में जुटी यह टीम आज उदयपुर ही नहीं, बल्कि पूरे दक्षिण राजस्थान और पड़ोसी जिलों में जीवनदायिनी साबित हो रही है। मानवता की इसी कड़ी में रक्तदाता युवा वाहिनी ने 24 न्यूज अपडेट और उदयपुर चौपाल समूह की मुहीम को आगे बढ़ाते हुए उदयपुर की थैलीसीमिया पीड़ित बच्ची चार्वी के इलाज के लिए 1,35,111 रुपये का आर्थिक सहयोग प्रदान किया। यह सहयोग न केवल इलाज में मददगार साबित होगा, बल्कि यह दर्शाता है कि संस्था रक्तदान के साथ-साथ सामाजिक जिम्मेदारी को भी पूरी संवेदनशीलता से निभा रही है। रक्तदाता युवा वाहिनी आज उन गिनी-चुनी संस्थाओं में शामिल है, जो निस्वार्थ भाव से सेवा को अपना धर्म मानती हैं। शहीदों के आदर्शों पर चलकर युवाओं को जोड़ना, जरूरतमंदों के लिए रक्त और संसाधन उपलब्ध कराना और संकट की घड़ी में बिना भेदभाव मदद करना—यही इसकी पहचान बन चुकी है। कोरोना महामारी के कठिन दौर में जब हर तरफ भय और संसाधनों की कमी थी, उस समय रक्तदाता युवा वाहिनी ने उल्लेखनीय कार्य करते हुए 1125 यूनिट प्लाज्मा डोनेशन करवाए। इससे 2250 से अधिक गंभीर मरीजों को जीवनरक्षक प्लाज्मा उपलब्ध कराया गया। टीम ने उदयपुर के साथ-साथ अहमदाबाद, जयपुर, जोधपुर, कोटा, चित्तौड़गढ़, डूंगरपुर, बांसवाड़ा और राजसमंद तक मरीजों की मदद की। यदि किसी कारणवश उदयपुर में किसी विशेष ब्लड ग्रुप का प्लाज्मा उपलब्ध नहीं हो पाया, तो उसे जोधपुर और कोटा से भी मंगवाकर मरीजों तक पहुंचाया गया।
SDP डोनेशन में भी अग्रणी
रक्तदाता युवा वाहिनी शहर में सबसे अधिक SDP (सिंगल डोनर प्लेटलेट) डोनेशन करवाने वाली टीमों में अग्रणी है। प्लेटलेट की तत्काल आवश्यकता वाले गंभीर मरीजों के लिए टीम चौबीसों घंटे सक्रिय रहती है।
साल भर में 30 से अधिक शिविर
टीम विभिन्न सामाजिक संगठनों और सहयोगी संस्थाओं के साथ मिलकर साल भर में 30 से अधिक रक्तदान शिविर आयोजित करती है। इन शिविरों के माध्यम से हर वर्ष 3500 से 4000 यूनिट रक्त संग्रह कर शहर के सभी ब्लड बैंकों को उपलब्ध कराया जाता है। इतना ही नहीं, लगभग इतने ही जरूरतमंद मरीजों को सीधे रक्त उपलब्ध कराकर उनकी जान बचाई जाती है।

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