24 न्यूज़ अपडेट उदयपुर. नगर निगम उदयपुर की ओर से नगरीय विकास कर की बकाया 8 लाख 92 हजार 252 रूपए की राशि का भुगतान न होने पर कहन अपार्टमेंट, प्रताप नगर, ई-27 आरटीओ मेन रोड पर 25 से अधिक व्यावसायिक प्रतिष्ठानों और आवासीय परिसरों को सीज करने की कार्रवाई की गई। इस कार्रवाई में कई प्रमुख दुकानें और संस्थान शामिल थे, जैसे कर्ज़ी आवर बार एंड रेस्टोरेंट, श्री जी भोजनालय, विनायक बल्क मूवर्स प्राइवेट लिमिटेड, सुपर हरियाणा कार्गो मूवर्स, राबड़ी भोजनालय, पथ इंटरप्राइजेज कैस्ट्रोल, वर्षा गोल्डन ट्रांसपोर्ट, के.बी. एसोसिएट्स, स्टार बैटरी सर्विस, पंडित भोजनालय और राज इंजीनियरिंग वर्क आदि।
नगर निगम ने पहले भी इन प्रतिष्ठानों को बकाया राशि जमा करने के लिए नोटिस जारी किया था, लेकिन जब समय सीमा समाप्त होने के बावजूद भुगतान नहीं किया गया, तो निगम की टीम ने मौके पर पहुंचकर यह सख्त कार्रवाई की। इस कार्रवाई के चलते स्थानीय दुकानदारों और निवासियों में जबर्दस्त हड़कंप मच गया है। कई व्यापारियों ने निगम अधिकारियों से बातचीत कर समाधान निकालने की कोशिश शुरू कर दी है। नगर निगम अधिकारियों ने स्पष्ट कर दिया है कि जब तक बकाया राशि पूरी तरह से जमा नहीं होती, सील नहीं खोली जाएगी और बिना बकाया राशि चुकाए किसी भी दुकान या परिसर को खोलने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
इस कार्रवाई में सबसे बड़ी बात यह निकल कर आई कि 2007 से टेक्स बकाया था जिसकी राशि बढ़ते-बढ़ते 8 लाख 92 हजार तक पहुंच गई। यदि समय रहते निगम की ओर से कार्रवाई की जाती तो यह नौबत ही नहीं आती। इससे यह भी साफ जाहिर हो रहा है कि नगर निगम की ओर से यूडी टेक्स वसूलने में भारी लापरवाही बरती जा रही है। निगम की ओर से ऐसे लोगों के नाम भी सार्वजनिक नहीं किए जा रहे हैं जिनके टेक्स बरसों से बकाया है। ऐसे में यह चर्चा आम हो गई है कि कहीं नेताओं और प्रभावशाली लोगों को छोड़ते हुए चुन-चुनकर कार्रवाई तो नहीं की जा रही है।

