24 News Update शाहपुरा. शाहपुरा को पुनः जिले का दर्जा दिलाने की मांग को लेकर आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। शाहपुरा जिला बहाल करो संघर्ष समिति द्वारा मंगलवार, 28 अप्रैल को मुख्यमंत्री के नाम ग्यारहवां स्मरण पत्र उपखंड अधिकारी को सौंपा गया।समिति के नेतृत्व में अधिवक्ताओं और आमजन ने सुबह 10:15 बजे उपखंड कार्यालय के बाहर एकत्र होकर “शाहपुरा जिला बहाल करो” के नारे लगाए और शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया। यह कार्यक्रम समिति अध्यक्ष दुर्गा लाल राजोरा और संयोजक रामप्रसाद जाट के नेतृत्व में आयोजित हुआ।
हर महीने 28 को ‘ब्लैक डे’, एक साल से ज्यादा से जारी आंदोलन
समिति के महासचिव एडवोकेट कमलेश मुंडेतिया ने बताया कि
28 दिसंबर 2024 को शाहपुरा का जिला दर्जा समाप्त किए जाने के बाद से ही हर महीने की 28 तारीख को “ब्लैक डे” मनाया जा रहा है।
इस दौरान अभिभाषक संस्था शाहपुरा ने भी समर्थन देते हुए न्यायालयों में कार्य स्थगन कर न्यायिक कार्यों का बहिष्कार किया।
सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप
संघर्ष समिति के पदाधिकारियों ने सरकार पर वादा पूरा न करने का आरोप लगाया।
अध्यक्ष दुर्गा लाल राजोरा ने कहा कि करीब ग्यारह महीने पहले जयपुर में मुख्यमंत्री के साथ वार्ता हुई थी, जिसमें शाहपुरा को पुनः जिला बनाने का सकारात्मक आश्वासन मिला था।
लेकिन इतने समय बाद भी कोई ठोस निर्णय नहीं होने से आमजन में आक्रोश बढ़ता जा रहा है।
आंदोलन और तेज करने की चेतावनी
संयोजक रामप्रसाद जाट ने स्पष्ट कहा कि
“जब तक शाहपुरा को पुनः जिले का दर्जा नहीं मिल जाता, आंदोलन जारी रहेगा और जरूरत पड़ने पर इसे और तेज किया जाएगा।”
महासचिव कमलेश मुंडेतिया ने भी दोहराया कि संघर्ष समिति जनता से किए वादों को लेकर पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
ये रहे प्रमुख लोग मौजूद
प्रदर्शन में सहसंयोजक सूर्यप्रकाश ओझा, संरक्षक सत्यनारायण पाठक, हाजी उस्मान मोहम्मद छिपा, अजय मेहता, रामेश्वर लाल सोलंकी, उदय लाल बेरवा, प्रवीण पारीक, नूर मोहम्मद रंगरेज, सहित कई अधिवक्ता, पदाधिकारी और बड़ी संख्या में आमजन मौजूद रहे।
शाहपुरा जिला बहाली की मांग तेज: 11वां स्मरण पत्र सौंपा, हर महीने ‘ब्लैक डे’ से बढ़ रहा आक्रोश

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