24 News update पटना। बिहार विधानसभा चुनाव से पहले केंद्र सरकार ने राज्यवासियों को बड़ी सौगात दी है। रविवार को केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव और बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने मिलकर बिहार को सात नई रेल सेवाएँ समर्पित कीं। इनमें तीन अमृत भारत एक्सप्रेस और चार पैसेंजर ट्रेनें शामिल हैं।
इन ट्रेनों के शुरू होने के साथ देशभर में अमृत भारत एक्सप्रेस की संख्या 30 तक पहुँच गई है, जिनमें से 26 सेवाएँ बिहार से संचालित होंगी। मुजफ्फरपुर से हैदराबाद (चरलापल्ली) अमृत भारत एक्सप्रेस दक्षिण भारत जाने वाली पहली ट्रेन होगी, जबकि छपरा-आनंद विहार अमृत भारत एक्सप्रेस बिहार से दिल्ली के लिए छठी सीधी सेवा बन गई है।
बिहार को मिल रही है नई कनेक्टिविटी
दरभंगा-अजमेर, मुजफ्फरपुर-हैदराबाद और छपरा-दिल्ली को जोड़ने वाली एक्सप्रेस सेवाओं के साथ-साथ पटना-बक्सर, झाझा-दानापुर, नवादा-पटना और पटना-इस्लामपुर पैसेंजर ट्रेनों को भी हरी झंडी दी गई। इनसे राज्य के भीतर और बाहर दोनों स्तरों पर यात्रा आसान होगी।
बजट और परियोजनाओं पर मंत्री का जोर
केंद्रीय मंत्री वैष्णव ने कहा कि 2014 से पहले बिहार का वार्षिक रेल बजट मात्र ₹1,000 करोड़ था, जो अब बढ़कर ₹10,000 करोड़ हो चुका है। वर्तमान में लगभग ₹1 लाख करोड़ की रेलवे परियोजनाएँ राज्य में निर्माणाधीन हैं। उन्होंने याद दिलाया कि पटना और मुंगेर रेल-सह-सड़क पुल सहित 21 प्रमुख परियोजनाएँ पहले ही पूरी हो चुकी हैं।
चुनावी संदेश साफ़
रेल मंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि “बिहार की विकास गति अब स्वर्णिम युग की ओर बढ़ रही है।” वहीं, उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने इन घोषणाओं को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “विकसित बिहार–विकसित भारत” के विजन से जोड़ा।
चुनावी मौसम में इस तरह की बड़ी रेल सौगात को विपक्ष चुनावी स्टंट बताने में जुटा है, जबकि एनडीए इसे केंद्र की विकासपरक सोच का नतीजा बता रहा है।
आधुनिक तकनीक से लैस ट्रेनें
अमृत भारत एक्सप्रेस में सेमी-ऑटोमैटिक कपलर, अग्नि संसूचन प्रणाली, सीलबंद गैंगवे और टॉक-बैक यूनिट जैसी सुविधाएँ होंगी। खास बात यह है कि गैर-एसी डिब्बों में भी यात्रियों की सुरक्षा के लिए यह उन्नत तकनीक उपलब्ध कराई जा रही है।

