24 News Update जयपुर/उदयपुर। आठ साल से फरार चल रहे एक इनामी अपराधी को कोटा पुलिस ने उदयपुर से डिटेन कर बड़ी सफलता हासिल की है। तेजस्वनी गौतम, पुलिस अधीक्षक कोटा के निर्देशन में गठित विशेष टीम ने कार्रवाई करते हुए 25 हजार रुपये के इनामी अपराधी लखन उर्फ लक्ष्मीनारायण को उदयपुर से पकड़ा।
पुलिस के अनुसार आरोपी वर्ष 2018 में कोटा जेल से पैरोल पर रिहा होने के बाद फरार हो गया था और तब से लगातार ठिकाने बदलकर पुलिस से बचता फिर रहा था।
गैंगरेप मामले में उम्रकैद की सजा
पुलिस अधीक्षक तेजस्वनी गौतम ने बताया कि 33 वर्षीय आरोपी मूल रूप से मंदसौर (मध्य प्रदेश) का रहने वाला है। उसके खिलाफ सांगानेर थाना क्षेत्र में दर्ज गैंगरेप के मामले में वर्ष 2013 में अदालत ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी।
सजा काटने के दौरान 25 अगस्त 2018 को उसे उच्च न्यायालय के आदेश पर 20 दिन की नियमित पैरोल मिली थी, लेकिन 13 सितंबर 2018 को वापस जेल लौटने से पहले ही वह फरार हो गया।
गेस्ट हाउस में बदल ली पहचान
पुलिस के मुताबिक फरार होने के बाद आरोपी ने अपने गांव और रिश्तेदारों से संपर्क तोड़ लिया था। वह लगातार स्थान बदलते हुए पुलिस से बचता रहा। हाल ही में वह उदयपुर के एक गेस्ट हाउस में नाम बदलकर काम कर रहा था। आरोपी तक पहुंचने के लिए पुलिस टीम ने गेस्ट हाउस में किरायेदार और गैस सिलेंडर डिलीवरी बॉय बनकर रेकी की। जिला विशेष शाखा के कांस्टेबल तंवर सिंह की तकनीकी सूचना और मुखबिर तंत्र से मिली जानकारी के आधार पर आरोपी के ठिकाने का पता लगाया गया। इस कार्रवाई में एएसआई विशाल अवस्थी, कांस्टेबल महेंद्र सिंह, बुद्धिप्रकाश, दुलीचन्द और सुरेन्द्र कुमार सहित पुलिस टीम के अन्य सदस्य शामिल रहे।

