-सजी हुई पगडियो ने समा बाँधा।उदयपुर फतहसागर की पाल पर एक तरफ पारम्परिक वेशभूषा पहने सभी नजर आ रहे थे तो दूसरी तरफ लोक संस्कृति से सराबोर मेवाड़ की आन-बान- शान पगड़ीयों से पूरी पाल सप्तरंगी नजर आ रही थी। छोटा हो या बड़ा हर एक के सिर पर पगड़ी थी। अवसर था अखिल भारतीय नववर्ष समारोह समिति, रोटरी क्लब ऑफ उदयपुर, उदयपुर विकास प्राधिकरण, आलोक संस्थान, एवं विभिन्न संगठनों, संस्थाओं के संयुक्त तत्वाधान में नव संवत्सर कार्यक्रम के अन्तर्गत फतहसागर की पाल पर आयोजित अपना देश अपना वेश कार्यक्रम का। मुख्य अतिथि उदयपुर विकास प्राधिकरण के सचिव जितेंद्र ओझा, जनार्दन राय नागर राजस्थान विधियांपीठ के कुलपति एस एस सारंगदेवोत् थे! अध्यक्षता अखिल भारतीय नववर्ष समारोह समिति के राष्ट्रीय सचिव डाॅ. प्रदीप कुमावत ने की। अखिल भारतीय नववर्ष समारोह समिति के राष्ट्रीय सचिव डाॅ. प्रदीप कुमावत ने कहा कि अपनी संस्कृति के प्रति, अपने पहनावे के प्रति जागरूकता जगे इसी दृश्टि से अपनी धरती अपना वेश के अन्तर्गत पारम्परिक वेषभूशा के साथ पगड़ी सजाओं का आयोजन पिछले दस वर्शाें से किया जा रहा है। इस वर्ष अखिल भारतीय नववर्ष समारोह समिति के साथ रोटरी क्लब आफ उदयपुर, उदयपुर विकास प्राधिकरण, नंदिको के मुख्य संयोजक एवं डाउन टाउन गु्रप आॅफ होटल, पीएचपी पोइटस, बालाजी फर्नीचर, जे.के. बिल्डर्स, राजेश क्रिएषंस, श्याम पेन्टस, मनीष टेंट हाउस के सह सयोजन में आयोजित अपना देश अपना वेष में जिसमें सभी ने उत्साह से भाग लिया। पगड़ी सजाओं में 12 वर्ष से कम उम्र के सभी बच्चों को जो पगड़ी पहनकर आए उनको प्रमाण पत्र दिये गये। साथ ही पगड़ी बांधो का भी आयोजन किया गया तथा रैम्प वाॅक का आयोजन हुआ। इस अवसर पर रजवाडी शाही पगड़ी और साफा हाउस के हितेश सेन द्वारा पगडियो की प्रदर्शनी लगाई गई! लीला सेन द्वारा लाइव साफा बांधा गया! इस अवसर पर गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड कथक आश्रम की बालिकाओं ने चंद्रकला चौधरी के सानिध्य मे सुंदर प्रस्तुतियां दी!इस अवसर पर श्रीराम स्केटिंग क्लब के बच्चो द्वारा मंजीत सिंह गहलोत के नेतृत्व मे नीमच माता से ज्योति लाई गई जिससे मशाल प्रजवलित की गई!आज (08 अप्रेल) निकलेगी श्रीराम महारथ यात्रा, बालकराम का जगह-जगह होगा भव्य स्वागतगणगौर घाट पर भव्य गंगा आरती के साथ विदा होगा 2080अखिल भारतीय नववर्ष समारोह समिति के राष्ट्रीय सचिव डॉ. प्रदीप कुमावत ने बताया कि इस बार विक्रम सम्वत् 2081 जो पिंगल और क्रोधी सम्वत् के नाम से जाना जा रहा है इस सम्वत् को प्रभु श्रीराम को समर्पित किया गया है। इसी द्रष्टि से उदयपुर में अयोध्या में श्रीराम मंदिर की स्थापना के बाद हूबहू राम की प्रतिमा जो अयोध्या में लगी उसकी अनुकृति बालकराम साक्षात दर्शन देने उदयपुर में आज (08 अप्रेल) सभी उदयपुरवासियों को दर्शन देंगे! उदयपुर वासी भव्य रामरथ यात्रा में उनकी आरती कर सकेंगे। एकलिंग जी से गणगौर घाट तक भव्य श्रीराम रथयात्रा निकलेगी। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation विश्व आज भारत की ओर निहार रहा है, यह संघ की 100 वर्षों की अखण्ड साधना का प्रतिफल है – मुरलीधर फिर पेंथर का सीसीटीवी रोड शो, दहशत में लोग, जिला प्रशासन की ओर से पेंथर को लेकर अब तक कोई एडवाइजरी नहीं